Posts

Showing posts from June, 2012

गलतियां भी जरुरी है.....

कुछ ख्वाहिशे अधूरी हैं जीने के लिए जरुरी हैं, तुमसे जितनी  दूरी है  वो मेरी मजबूरी है, प्यार  है  इसे समझो ये जिंदगी की धुरी है, तुम हो या नहीं हो जिंदगी इसी में पूरी है, अधुरा सा ये मिलन कौनसी मजबूरी है दोस्ती के हिसाब में  कौन कहाँ जरुरी है, हम पीछे छूटे बहुत आगे लम्बी दुरी है, क्या करें  क्या न करें  गलतियां भी  जरुरी हैं।  

दिल मस्त है तेरे रहन से....

आ  रही है तेरे बदन की ख़ुशबू मेरे हर परहन  से महक रहा हूं मैं तेरी गर्म सांसो की तपन से सुघड़ बाहें जो लिपट गयी कस लिया जहन  को  जहन से अब  मेरी  रूह  तेरी बनी कैसे बदलेगी जग कहन से रहने लगी हो मेरे अन्दर तुम दिल मस्त है तेरे रहन से हो गया बहुत अभिमानी कहा तुमने अपना मुझे नयन से प्यास  जाने क्यों बढ़ रही यादो में तेरी छुअन से सींचो साथी प्यार से प्यार को  मर न जाऊं इस जलन से  वो आगोश में तेरी पिघला मैं टपकता हूँ तेरे बदन से टपक टपक हर बूँद जली परे तेरा यौअवन सहन से पा गया जन्नत तुमसे चाहत न कुछ अब भगवन से आ  रही है तेरे बदन की ख़ुशबू मेरे हर परहन  से !!